कश्मीर में बैठे मौत के सौदागरों के डेथ वारंट पर भारतीय सेना ने किये हस्ताक्षर, आतंकियों को जहन्नुम भेजने के लिए जवानों की गोलियां बेताब

पाक खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) ने आतंकी कमांडरों से कहा है कि “ओवरग्राउंड वर्कर को आगे निकाल कर हालत का जायजा लो और हिट एंड़ रन की नीति पर काम करो। गर्मी बढ़ रही है और करोना में सब व्यस्त हैं। समय माकूल है। टारगेट पूरा करो”।

Militants

Terrorists in Kashmir: List of active Militants

जम्मू कश्मीर में भारतीय सेना (Indian Army) पाकिस्तान पोषित आतंकवादियों (Militants) की कमर तोड़ने के लिये पूरी तरह अमादा है। हिजबुल कमांडर रियाज नायकू के मारे जाने के बाद भारतीय सुरक्षा एजेंसियां और भारतीय फौज अब बैकफुट पर आने के मूड में नहीं है। मोस्ट वांटेड़ आतंकवादियों को जहन्नुम में भेजने के लिए जवानों की गोलियां बेताब हैं। भारतीय सेना के डर से आतंकियों (Militants) ने अपनी रणनीति बदली है। अब उनके कमांडर बिल में छिप गए हैं और छोटे आतंकियों (Militants) को बाहर भेज रहे हैं। ये आतंकी या तो मारे जा रहे हैं‚ या गिरफ्तार हो रहे हैं।

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सूत्रों के अनुसार पाक खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) ने आतंकी कमांडरों से कहा है कि “ओवरग्राउंड वर्कर को आगे निकाल कर हालत का जायजा लो और हिट एंड़ रन की नीति पर काम करो। गर्मी बढ़ रही है और करोना में सब व्यस्त हैं। समय माकूल है। टारगेट पूरा करो”।

उधर सुरक्षा बलों ने भी कश्मीर घाटी में बड़े आतंकियों (Militants) की एक लिस्ट तैयार की है। इसमें हिजबुल का डॉ. सैफुल्लाह उर्फ गाजी हैदर भी है। वह अक्टूबर 2014 में हिजबुल मुजाहिदीन में शामिल हो गया था।

दूसरा मोहम्मद अशरफ खान उर्फ अशरफ मौलवी वह 9 सितम्बर‚ 2016 को हिजबुल में शामिल हुआ था। इसके अलावा मोहम्मद अब्बास शेख उर्फतुरबी मौलवी जो 3 मार्च 2015 से सक्रिय है। इसके अलावा फैसल भाई‚ जो 2015 में जैश में शामिल हो गया।

सुरक्षा एजेंसी की नजर ओवैस मुलिक पर भी है जो लश्कर से जुड़ा है। इसके अलवा जैश का गनी अहमद उर्फ तौकिफ भाई‚ सुल्तान लोन उर्फ गाजी‚ सरगरज मौलवी‚ मदस्सर भट्ट उर्फ शनि है। लश्कर का हिमटूल्ला महमूद उर्फ इकबाल‚ सादिक लोन‚ अकरम भट्ट‚ अफरीदी गनी तौकिर‚ हलीम और गजनी अहमद भी है हिट लिस्ट में हैं। इन सबको भारतीय सेना (Indian Army) मार गिराने की फिराक में है।