Gadchiroli Naxal Attack

साल 2019 के मई महीने में नक्सलियों ने महाराष्ट्र में बड़ा हमला (Gadchiroli Naxal Attack) किया था। हमला 1 मई को किया गया था। तय समय और तय प्लानिंग के तहत हमले को अंजाम दिया गया था।

महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में 1 मई, 2019 को हुए नक्सली हमले (Gadchiroli Naxal Attack) का मास्टरमाइंड दिनकर गोटा पुलिस के हत्थे चढ़ गया है।

नर्मदा और उसके पति किरण को महाराष्ट्र पुलिस ने ओडिशा से गिरफ्तार किया है। नर्मदा की 20 सालों से पुलिस तलाश कर रही थी। नर्मदा महाराष्ट्र के वेस्ट जोनल में सब कमांड की प्रमुख है।

एंटी नक्सल ऑपरेशंन्स को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए प्रदेश सरकार ने सुरक्षाबलों को आधुनिक हथियारों और नई तकनीकि के वाहनों से लैस करने की तैयारी कर रही है।

महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में सी-60 कमांडो और नक्सलियों के बीच एनकाउंटर हुआ है। जानकारी के अनुसार, सी-60 कमांडोज ने नक्सलियों को घेर लिया था। लेकिन नक्सली किसी तरह जंगल मौके से भागने में कामयाब हो गए।

जवानों पर हुए हमले और नक्सलियों के दहशत की वजह से यहां के कई लोग गांव छोड़ने पर मजबूर हो गए हैं। जानकारी के मुताबिक दादापुर गांव की आबादी 1200 के आसपास है और यहां बमुश्किल से ही कुछ लोग नजर आते हैं।

महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में 1 मई को हुए नक्सली हमले में शहीद जवानों की कहानियां दिल को झकझोर देने वाली हैं। इस हमले में 15 पुलिसकर्मी और एक ड्राइवर शहीद हो गए थे। इन्हीं शहीदों में शाहू मदावी और तोमेश्वर सिंघत भी शामिल थे। शाहू मदावी पुलिस के जवान थे जबकि तोमेश्वर सिंघत उस वाहन के ड्राइवर थे जिस पर नक्सलियों ने हमला किया था।

महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में 1 मई को हुए नक्सली हमले में शहीद 16 जवानों में बीड जिले के तौसिफ शेख भी हैं। तौसिफ ने हमले से कुछ देर पहले ही अपनी मां से फोन पर बात की थी।

महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में हुए नक्सली हमले की शुरूआती जांच के बाद बड़ी बात सामने आई है। एंटी नक्सल आपरेशन (एएनओ) के अधिकारियों के अनुसार, इस हमले की साजिश नक्सलियों की ज्वाइंट कमिटी ने रची थी।

महाराष्‍ट्र के गढ़चिरौली में नक्‍सलियों ने बड़ा हमला किया है। नक्सलियों ने पुलिस वाहन को निशाना बनाकर एक IED ब्‍लास्‍ट किया। इस हमले में 15 जवान और एक ड्राइवर शहीद हो गए हैं।

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