जम्मू कश्मीर: स्कूलों में बढ़ गई रौनक बाजारों में भी दिखी भीड़, जल्द हालात सामान्य होने की उम्मीद

19 अगस्त से कश्मीर घाटी में लैंडलाइन की सुविधा शुरू हो गई। जितने दिन स्कूल नहीं खुले, उससे बच्चों की पढ़ाई का नुकसान ना हो इसके लिए कई स्कूल-कॉलेज एक्सट्रा क्लास की सुविधा भी शुरू करेंगे।

Jammu and Kashmir, Jammu and Kashmir schools, Srinagar, Kashmir internet, Kashmir mobile phone, Kashmir schools, Kashmir Article 370, sirf sach, sirfsach.in

घाटी के करीब 190 स्कूल-कॉलेज आज खुल गए, लैंडलाइन की सुविधा भी धीरे-धीरे शुरू हो गई है। अनुच्छेद 370 हटाए जाने को 14 दिन हो गए हैं।

जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद श्रीनगर में स्कूल-कॉलेज खुल गए हैं।  बच्चे धीरे-धीरे स्कूल-कॉलेज पहुंच रहे हैं। हालांकि बच्चों की संख्या काफी कम है। स्कूल जाने वाले बच्चों को किसी तरह की परेशानी ना हो और किसी भी अप्रिय घटना से निपटा जा सके, इसके लिए चप्पे-चप्पे पर सुरक्षाबल तैनात हैं। घाटी के करीब 190 स्कूल-कॉलेज आज खुल गए, लैंडलाइन की सुविधा भी धीरे-धीरे शुरू हो गई है। अनुच्छेद 370 हटाए जाने को 14 दिन हो गए हैं। पिछले करीब दो हफ्तों से घाटी में धारा 144 लागू है और कई तरह की पाबंदियां लगी हुई हैं। पर हालात को देखते हुए धीरे-धीरे ढील दी जा रही है।

19 अगस्त से कश्मीर घाटी में लैंडलाइन की सुविधा शुरू हो गई। जितने दिन स्कूल नहीं खुले, उससे बच्चों की पढ़ाई का नुकसान ना हो इसके लिए कई स्कूल-कॉलेज एक्सट्रा क्लास की सुविधा भी शुरू करेंगे। घाटी में धीरे-धीरे अब प्राइवेट व्हीकल की सुविधा शुरू हो गई है। छोटे  बाजार पहले से ही खुल रहे थे,अब बड़े बाज़ार भी खुलने शुरू हो रहे हैं। बीते दिनों जिन जगहों पर पाबंदियों में कुछ छूट दी गई थी, वहां पर हिंसा की छिटपुट घटनाएं हुई थीं। हालांकि हालात अब सामान्य हैं। श्रीनगर जिले में 19 गैस एजेंसियां हैं, प्रशासन की तरफ से सभी को ग्राहकों के लिए होम डिलिवरी करने के लिए कहा गया है, ताकि किसी भी नागरिक को कोई दिक्कत नहीं आए।

लाइन ऑफ कंट्रोल के पास पुंछ में भी प्राइमरी स्कूल 19 अगस्त से  खुल गए हैं। गौरतलब है कि 5 अगस्त को केन्द्र सरकार के जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधानों को हटाने के बाद एहतियात के तौर पर कई प्रतिबंध लगा दिए गए थे। स्कूल-कॉलेज बंद रहे थे, फोन-मोबाइल इंटरनेट की सुविधा भी बंद थी। जिससे स्थानीय कश्मीरियों को काफी असुविधा हुई थी। हालांकि, प्रशासन की तरफ से चरणबद्ध तरीके से इलाके दर इलाके पाबंदियों में छूट दी जा रही है।

पढ़ें: अनुच्छेद 370 के बाद अब नक्सल प्रभावित क्षेत्रों पर है सरकार की नजर, गृहमंत्री ने बुलाई बैठक

Hindi News के लिए हमारे साथ फेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम, यूट्यूब पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App