Maharashtra Naxal Attack: तो इसलिए नक्सलियों ने रची थी गढ़चिरौली हमले की साजिश…

Maharashtra Naxal Attack: गढ़चिरौली के दादापुर गांव में हमले से पहले नक्सलियों ने 27 वाहनों को आग के हवाले किया था। वाहनों को आग में झोंकने के पीछे नक्सलियों की एक साजिश थी।

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अब इस बात का खुलासा हुआ है कि खौफजदा नक्सलियों ने क्यों हमला किया था?

Maharashtra Naxal Attack: बीते 1 मई, 2019 को जैसे ही महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में नक्सलियों की घिनौनी करतूत की तस्वीरें सामने आईं, पूरा देश गुस्से से उबलने लगा। नक्सलियों ने एक खूनी साजिश रच कर देश के 15 जवानों की हत्या कर दी। पूरा देश इन जवानों की शहादत को सलाम करता है। उस वक्त सभी लोगों ने नक्सलियों की इस घिनौनी करतूत की निंदा की और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग भी की थी। इस हमले को लेकर हाल ही में खुलासा हुआ था कि नक्सलियों ने बहादुरों के शिकार के लिए 30 किलो IED का इस्तेमाल किया था। अब यह भी पता चला है कि नक्सलियों ने यह हमला एक महिला नक्सली के मारे जाने के बाद किया है। जी हां, एक नक्सली नेता की पत्नी जो खुद भी एक खूंखार नक्सली थी उसी की मौत का बदला लेने के लिए माओवादियों ने इस गिरी हुई हरकत को अंजाम दिया है।

कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में एक अधिकारी के हवाले से कहा गया है कि हो सकता है कि महाराष्ट्र में हुआ नक्सली हमला एक नक्सली नेता की पत्नी के मारे जाने का बदला लेने के लिए हुआ हो। इस अधिकारी ने कहा है कि बुधवार (1 मई, 2019) का हमला रामको के पति द्वारा बदले की कार्रवाई हो सकती है। यहां बता दें कि 46 साल की रामको उर्फ कमला मंकू नरोटे एक कुख्यात महिला नक्सली थी। रामको प्रभावशाली नक्सल नेता भास्कर हिचकानी की पत्नी थी। रामको ने बीहड़ों में कई संगीन अपराध किए थे और उसके सिर पर सरकार ने 16 लाख रुपए का इनाम घोषित कर रखा था। बीते 27 अप्रैल, 2019 को रामको और उसके गैंग के साथ पुलिस की मुठभेड़ हो गई। इस मुठभेड़ में पुलिस ने रामको को घेर कर ढेर कर दिया था। बड़े नक्सली महिला नेता के मारे जाने से नक्सली अंदर ही अंदर बौखलाए हुए थे और खौफजदा भी थे।

कहा जा रहा है कि गढ़चिरौली के दादापुर गांव (जहां नक्सली हमला हुआ था) में हमले से पहले नक्सलियों ने 27 वाहनों को आग के हवाले किया था। वाहनों को आग में झोंकने के पीछे नक्सलियों की एक साजिश थी। नक्सली जानते थे कि बड़े पैमाने पर तबाही मचाने के बाद पुलिस बल के जवान यहां जरुर पहुंचेंगे। लिहाजा पूरी प्लानिंग और साजिश के तहत नक्सलियों ने गढ़चिरौली नक्सल अटैक को अंजाम दिया। बता दें कि नक्सलियों के खिलाफ बनाई गई क्विक रिस्पॉन्स टीम यानी क्यूआरटी का वाहन 1 मई को नक्सली साजिश का शिकार हो गया था। इस हमले में हमारे बहादुर जवान शहीद हो गए थे।

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