Rajnath Singh

भारतीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने महामारी के चरम पर होने के दौरान विदेशी श्रमिकों की मदद के लिए सिंगापुर (Singapore) के सशस्त्र बलों के प्रति आभार व्यक्त किया, जिनमें कई भारतीय नागरिक भी शामिल थे।

रक्षा मंत्री (Defence Minister)  ने कोरोना काल में दिन रात एक करके लोगों की हिफाजत करने वाले कोरोना वारियर्स को भी याद किया। उनके अनुसार, 'इन योद्धाओं ने करिश्माई प्रदर्शन किया है।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने 30 दिसंबर को चीन के साथ विवाद पर बयान दिया। रक्षामंत्री ने कहा कि चीन के साथ बातचीत चल रही है, लेकिन अभी तक कोई नतीजा नहीं निकल पाया है।

राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने कहा कि भारत कमजोर नहीं है, और सीमा पर किसी भी तरह की कार्रवाई का मुंहतोड़ जवाब दे सकता है।

मंत्रालय (Ministry of Defense) ने बताया, '28,000 करोड़ रुपये के सात प्रस्तावों में से छह प्रस्ताव 27,000 करोड़ रुपये के हैं। इसके तहत ‘मेक इन इंडिया’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ अभियान को बढ़ावा देने के लिए भारतीय उद्योग को एओएन (स्वीकार्यता मंजूरी) दी जाएगी

लद्दाख में सुरक्षाबलों के साहस की उन्होंने (Rajnath Singh) सराहना की और कहा कि लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर सुरक्षाबलों की भारी तैनाती है और इन परीक्षा की घड़ियों में हमारी सेनाओं ने अनुकरणीय साहस दिखाया है।

आज यानी 7 दिसंबर को भारतीय सशस्त्र सेना झंडा दिवस 2020 (Indian Armed Forces Flag Day 2020) है। इस दिन को देश के सम्मान की रक्षा के लिए सीमाओं पर बहादुरी से लड़ाई लड़ने वाले जवानों को सम्मानित करने के लिए मनाया जाता है।

चीनी सेना की गतिविधियों को देखते हुए हिमाचल (Himachal) से सटी सीमा पर अब लाहौल-स्पीति जिले में एडवांस लैंडिंग ग्राउंड (Advanced Landing Ground) तैयार होंगे।

सेना की सराहना करते हुए सिंह (Rajnath Singh) ने कहा कि आजादी के बाद से देश की संप्रभुता और सुरक्षा से जुड़ी कई चुनौतियों का बल ने सफलतापूर्वक समाधान दिया है।

इस बैठक में भारतीय पक्ष का नेतृत्व विदेशमंत्री एस जयशंकर और रक्षामंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) करेंगे। दोनों देशों के बीच ये बैठक ऐसे समय हो रही है‚ जब भारत का चीन के साथ सीमा पर गतिरोध जारी है।

अमेरिकी रक्षा मंत्री मार्क एस्‍पर और विदेश मंत्री माइक पॉम्पियो सोमवार दोपहर भारत पहुंच गए हैं। ये यात्रा इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि अमेरिका में चुनाव होने हैं।

राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग के सुकना युद्ध स्मारक में शस्त्र पूजा की। इस मौके पर उन्होंने श्रद्धांजलि भी अर्पित की।

राजनाथ ने कहा, 'इन पुलों के निर्माण से सैन्य और नागरिक परिवहन की सुविधा बढ़ेगी।' बता दें कि 44 पुलों में से 22 पुल चीन सीमा के पास हैं।

राजनाथ ने बताया, चीन (China) ने एलएसी पर बड़ी संख्या में सैनिक टुकड़ियां और गोला बारूद जमा किया है। भारतीय सेना ने भी अपनी तैनाती को बढ़ा दिया है।

डिफेंस रिसर्च एंड डेवलेपमेंट ऑर्गनाइजेशन (DRDO) ने 7 सितंबर को स्वदेशी स्क्रैमजेट प्रोपल्शन सिस्टम का उपयोग कर हाइपरसोनिक टेक्नोलॉजी डेमोनट्रेटर वाहन का सफलतापूर्वक परीक्षण किया।

राजनाथ सिंह ने कहा कि अब रक्षा क्षेत्र में उत्पादन को बढ़ावा दिया जाएगा। इसे रक्षा के क्षेत्र में भारत का बड़ा कदम माना जा रहा है।

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