India-China

चीन वार्षिक मालाबार युद्धाभ्यास (Malabar Exercise)  के उद्देश्यों को लेकर सशंकित रहता है‚ वह महसूस करता है कि यह युद्धाभ्यास हिंद–प्रशांत क्षेत्र में उसके प्रभाव को नियंत्रित करने के लिए किया जाता है।

India China Faceoff: चीन अब टू फ्रंट वॉर की रणनीति अपनाने के बारे में विचार कर रहा है। भारत के एक तरफ पाकिस्तान है और दूसरी तरफ चीन।

पीएम मोदी (Narendra Modi) ने 74वें स्वतंत्रता दिवस पर लाल किला की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा था कि नियंत्रण रेखा (LoC) से वास्तविक नियंत्रण रेखा (LaC) तक देश की संप्रभुता पर जिस किसी ने आंख उठाई उसे उसकी ही भाषा में जवाब दिया गया।

युद्ध की वजह थी नाथू ला में भारतीय सीमा से सटे इलाके में चीनी द्वारा गड्ढों की खुदाई। चीनी सैनिकों ने नाथू ला में सेना की चौकियों पर हमला कर दिया था।

दोनों देशों के बीच तनाव कम करने और सैनिकों के पीछे हटने को लेकर रविवार को कोर कमांडर स्तर की वार्ता हुई थी।

2 अगस्त को भारत और चीन (India-China) के बीच कोर कमांडर स्तर की वार्ता हुई थी।

नेपाल ने कहा कि हम दोनों पड़ोसियों भारत और चीन के साथ सहयोग और साझेदारी को आगे बढ़ाना चाहते हैं। दोनों पड़ोसियों के साथ सहयोग हमारे लिए जरूरी है।

सैटेलाइट इमेज से साफ पता चलता है कि चीन फिंगर-5 से फिंगर-8 तक अपनी सैन्य ताकत बढ़ा रहा है। इमेज में फिंगर-5 पर पीएलए द्वारा बनाए जा रहे आर्मी बेस का भी पता चला है।

भारत में चल रही चीनी कंपनियों की कई बड़े प्रोजेक्ट्स की डील को भारत ने कैंसिल कर दिया था। इससे तिलमिलाया चीन (China) अब भारत को गीदड़भभकी दे रहा है।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक अधिकारियों का कहना है कि भारत के इस कदम से LAC पर स्थिति बदल जाएगी।

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