FATF

वित्तीय कार्रवाई कार्य बल (FATF) की ओर से पाकिस्तान को राहत नहीं मिली है। पाकिस्तान (Pakistan) अगले साल फरवरी तक FATF की ‘ग्रे' सूची में बना रहेगा। एफएटीएफ ने 23 अक्टूबर को इसकी घोषणा की।

पाकिस्तान (Pakistan) का फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) की ग्रे लिस्ट से बाहर निकलना मुश्किल लग रहा है। पाकिस्तान FATF की छह शर्तों पर खरा नहीं उतरा है।

भारत चीन सीमा विवाद के बीच अब चीन (China) का दोमुंहा रूप सामने आया है। आतंकवाद (Terrorism) के मुद्दे पर वह अब पाकिस्तान (Pakistan) का बचाव करता नजर आ रहा है।

दाऊद इब्राहिम (Dawood Ibrahim) के कराची में होने की बात स्वीकार करने के बाद पाकिस्तान एक बार फिर पलट गया है। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने आधिकारिक तौर पर इस बात से इंकार कर दिया है की दाऊद पाकिस्तान में है।

आतंकी गतिविधियों की फंडिंग पर नजर रखने वाली संस्था FATF की बैठक से पहले पाकिस्तान ने 1,800 आतंकियों के नाम नेशनल काउंटर टेररिज्म अथॉरिटी (NACTA) द्वारा बनाई जाने वाली सूची से हटा दिए हैं।

पाकिस्तान फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) के ग्रे लिस्ट से बाहर नहीं आ पाएगा। आतंकवाद का पालन-पोषण करने वाले पाकिस्तान के सभी पैंतरे फेल हो गए हैं।

पाकिस्तान का एक और झूठ बेनकाब हो गया है। पाकिस्तान आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के सरगना और भारत के मोस्ट वांटेड आतंकी मौलाना मसूद अजहर (Masood Azhar) के लापता होने की बात कह रहा है।

FATF ने पाकिस्तान को 33 शर्तों की एक सूची थमा रखी है जिन्हें पूरा करने पर ही उसे ग्रे-लिस्ट से हटाया जाएगा और यदि वह नियत समय-सीमा के भीतर सारी शर्तें पूरी नहीं कर पाता है तो उसे ब्लैकलिस्ट कर दिया जाएगा।

पाकिस्तान ने कुछ हफ्तों पहले पेरिस स्थित निगरानी संस्था वित्तीय कार्रवाई कार्य बल (FATF) को एक रिपोर्ट सौंप कर आतंकवाद और मनी लॉन्ड्रिंग पर रोक लगाने के लिए सरकार द्वारा उठाए गए कदमों की जानकारी दी थी।

आतंक की फंडिग पर निगरानी रखने वाली दुनिया की सबसे बड़ी संस्था FATF से पाकिस्तान को एक बार फिर बड़ा झटका लगा। पाकिस्तान FATF की ग्रे लिस्ट से बाहर नहीं निकल पाया।

फाइनेंसियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) के सामने ये साबित हो गया है कि पाकिस्तान ने अपनी जमीन से आतंकियों के खिलाफ कोई कदम नहीं उठाया और वो दुनिया में दिखावा ही करता रह गया।

FATF द्वारा पाकिस्तान को ब्लैकलिस्ट करने पर फैसले से पहले अमेरिका ने कहा है कि पाकिस्तान को आतंकवादी गुटों को अपनी धरती का इस्तेमाल करने से रोकना होगा।

APG की रिपोर्ट में पाकिस्तान हर मोर्चे पर फिसड्डी साबित हुआ है। मनी लॉन्ड्रिंग और टेरर फंडिंग के खिलाफ कार्रवाई के 10 मानदंडों में पाकिस्तान 9 में फिसड्डी साबित हुआ है जबकि एक में उसे 'मध्यम' स्थान प्राप्त हुआ है।

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