Dantewada

छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में नक्सलियों ने पुलिसकर्मी के पिता का अपहरण कर लिया है। दंतेवाड़ा के पुलिस अधीक्षक अभिषेक पल्लव ने जानकारी दी है कि नक्सलियों ने बीती रात पुलिसकर्मी के माता-पिता का गुमियापाल में अपहरण कर लिया है।

दंतेवाड़ा में पुलिस के सामने 7 ऐसे लोगों ने सरेंडर किया है जो अपनी पहचान छिपा कर नक्सलियों की मदद किया करते थे। खास बात यह भी है कि यह सभी लोग गांव वालों के साथ मिलजुल कर रहते थे लेकिन किसी को उनकी करतूतों का पता तक नहीं चलता था।

छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) के दंतेवाड़ा में पुलिस नक्सली मुठभेड़ (Naxal Encounter) हुई। इस मुठभेड़ में दो इनामी नक्सलियों (Naxals) के मारे जाने की खबर है।

छत्तीसगढ़ के नक्सलियों का सफाया होते जा रहा है। नक्सलियों की धर-पकड़ जारी है। इसी कड़ी में 23 दिसंबर को नक्सल प्रभावित जिले दंतेवाड़ा में पुलिस ने दो नक्सली (Naxali) नेताओं को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।

छत्तीसगढ़ में एक महीने पहले किरंदुल के एनएमडीसी नए स्क्रीन प्लांट में वाहनों को आग लगाकर क्षति पहुंचाने वाले तीन नक्सलियों (Naxals) को गिरफ्तार कर लिया गया।

छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में जवानों को नुकसान पहुंचाने की नक्सलियों की एक बड़ी साजिश नाकाम हो गई। पोटाली से बुरगुम इलाके के बीच 10 किलो के आईईडी (IED) को जवानों ने खोज निकाला और नष्ट कर दिया।

छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा में एक बस्ती है जिसका निक नेम है 'एसपीओ बस्ती'। एसपीओ यानी विशेष पुलिस अधिकारी। यह बस्ती जिले की जुडूम पारा बस्ती है।

छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा (Dantewada) जिले के नीलावाया गांव की सड़क को नक्सलियों ने करीब 17 जगहों पर काट दिया था। नक्सलियों ने सड़क पर 3 से 4 फीट के बड़े-बड़े गड्‌ढे़ कर दिए थे।

छत्तीसगढ़ के नक्सल-ग्रस्त दंतेवाड़ा (Dantewada) में नक्सलियों (Naxalite) के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस के मुताबिक, दंतेवाड़ा में नक्सल संगठन के मलांगीर एरिया कमेटी के जनमिलिशिया कमांडर हडमा ने सरेंडर कर दिया।

सुरक्षाबल छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा (Dantewada) जिले के पोटाली गांव को अब नक्सलमुक्त करने की कोशिश में डटे हुए हैं। इस गांव में फोर्स को ग्रामीणों का विरोध भी झेलना पड़ा है।

छत्तीसगढ़ के नक्सल-ग्रस्त जिला दंतेवाड़ा (Dantewada) में 3 लाख के इनामी नक्सल कमांडर ने 2 नवंबर को पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया।

सरकार, प्रशासन और सुरक्षाबलों की कार्रवाई से तो नक्सलयों के नाक में दम है ही, एक और बात ने भी उनकी परेशानी बढ़ा दी है। दरअसल, अब नक्सलियों को संगठन में भर्ती करने के लिए नए लड़ाके नहीं मिल रहे हैं।

छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में जिला पुलिस बल ने नवीन पुलिस कैंप कटेकल्याण में शहीद कैलाश नेताम की याद में जिला स्तरीय प्रतियोगिता आयोजित की गई। इस प्रतियोगिता के दौरान राज्य की आत्मसमर्पण और पुनर्वास योजना से प्रभावित होकर दो नक्सलियों ने आत्मसमर्पण कर दिया।

छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा (Dantewada) पुलिस ने एक नक्सल सहयोगी को गिरफ्तार किया। पहले तो यह पुलिस को मामूली ग्रामीण लगा। पकड़ में आने के बाद हुई पूछ-ताछ में उसने अपने बारे में बताया।

मुठभेड़ के दौरान भागने वाले नक्सली भारी मात्रा में हथियार,विस्फोटक और सामान छोड़ गए। सुरक्षाबलों ने उस स्थान को कब्जे में लेकर, नक्सलियों के सामान की जांच की।

छत्तीसगढ़ के धुर नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा में पुलिस को दो नक्सलियों को पकड़ने में सफलता मिली है। विधानसभा उपचुनाव की सुरक्षा व्यवस्था हेतु चलाए जा रहे नक्सल विरोधी अभियान के तहत यह गिरफ्तारी काफी महत्वपूर्ण है।

माता-पिता ने उसे दंतेवाड़ा के सरकारी आवासीय विद्यालय में लक्ष्मण का दाखिला करवा दिया। इसके बाद लक्ष्मण ने यहीं रह कर पढ़ाई की। बारहवीं पास के करने के बाद उसने नीट की परीक्षा दी। लक्ष्मण ने बताया कि उसके माता-पिता ने उसे गांव आने से मना करते थे।

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