Al-Qaeda

यूपी एटीएस (UP ATS) और पुलिस की टीम ने अलकायदा के गिरफ्तार आतंकी मिनहाज और मसीरुद्दीन के चार मददगारों को 14 जुलाई को गिरफ्तार किया।

पुलिस गिरफ्त में आये इन आतंकियों (Militants) ने पूछताछ में ये खुलासा किया है कि 15 अगस्त को धमाके करने वाले थे। हालांकि एटीएस ने ये खुलासा नहीं किया कि ये धमाके कहां करने वाले थे।

आरोपियों के घर पर अफगानिस्तान व पाकिस्तान सहित ईरान के लोगों का आना-जाना था। इसमें कई संदिग्ध गतिविधियों में शामिल हैं। यही विदेशी संदिग्ध लोगों के जरिए ही आतंक का कारोबार उत्तर प्रदेश में फैलाना चाहते थे।

यूपी में बीते कुछ दिनों के दौरान इस्लामिक आतंकवाद को नेस्तनाबूद करने को लेकर जो अहम फैसले लिए गये हैं‚ उसने सीमा पार बैठे आतंकियों (Terrorists) के आकाओं को खासा परेशान कर दिया है।

कुख्यात आतंकी संगठन अलकायदा (Al-Qaeda) तुर्की (Turkey) के जरिए नेपाल (Nepal) में भारत की सीमा से लगे क्षेत्रों में अपनी जड़ें जमाने की कोशिश कर रहा है। इसके लिए इस्लामिक संघ नेपाल (आईएसएन) के साथ तुर्की के संगठन काम कर रहे हैं।

आतंकी संगठन अलकायदा में दूसरे नंबर का आतंकी माने जाने वाला अबू मोहम्मद अल-मसरी मारा जा चुका है और इस मिशन को अमेरिका और इजरायल ने मिलकर अंजाम दिया।

इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) की रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि आतंकी संगठन अलकायदा के आतंकी पश्चिम बंगाल में हमले की साजिश रच रहे हैं।

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद (Murshidabad) और केरल के एर्नाकुलम (Ernakulam) में अल-कायदा (Al Qaeda) मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया।

अमेरिका ने यमन में एक आतंकरोधी ऑपरेशन के तहत आतंकी संगठन अल-कायदा के संस्थापकों में से एक और आतंकी संगठन के नेता कासिम अल-रिमी (Qasim Al-Rimi) को मार गिराया।

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