टेरर फंडिंग के लिए भारत में जाली नोट भेज रहा पाकिस्तान

पाकिस्तान अब नकली नोटों (Fake Currency) के जरिए टेरर फंडिंग कर रहा है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान नकली भारतीय करेंसी भारत भेज रहा है, ताकि लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद जैसे गुट इसका इस्तेमाल आतंकी गतिविधियों में कर सकें। खुफिया जांच में पता चला है कि पाकिस्तान अच्छी गुणवत्ता वाले नकली नोटों की बड़े पैमाने पर स्मगलिंग कर रहा है ताकि फेक इंडियन करंसी नोट (एफआईसीएन) के जरिए गैर-कानूनी गतिविधियों और आतंकी समूहों को बढ़ावा दिया जा सके।

Fake currency
पाकिस्तान नकली भारतीय करेंसी भारत भेज रहा है।

एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, बड़ी संख्या में पाकिस्तान से fake currency को 2016 से पहले के अपने नेटवर्क और चैनलों के जरिए व्यवस्थित तरीके से भारत में लाने का काम हो रहा है। भारत में नकली नोट प्रवेश कराने के लिए पाकिस्तान के कई गैंग्स और उनका पूरा तंत्र लगा हुआ है। सूत्रों का कहना है कि सबसे चौंकाने वाली बात है कि पाकिस्तान इसके लिए कूटनयिक मार्गों का भी दुरुपयोग कर रहा है। नेपाल, बांग्लादेश और दूसरे देशों के माध्यम से पाकिस्तान नकली नोटों को भारत में पहुंचाने का काम कर रहा है। सूत्रों के मुताबिक, पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई न केवल नकली नोट बनवा रही है, बल्कि इस बात की तस्दीक कर रही है कि उनकी क्वालिटी भी बेहतर हो।

बता दें कि इसी साल मई में नेपाल के काठमांडू एयरपोर्ट से दाऊद इब्राहिम की गैंग से जुड़े आतंकी यूनुस अंसारी को अरेस्ट किया गया था। उसके साथ 3 पाकिस्तानी नागरिक भी गिरफ्तार किए गए थे। इनके पास से 76.7 मिलियन के भारतीय मुद्रा के नकली नोट बरामद हुए थे। अंसारी को पैसों की खेप पाकिस्तान के स्मगलर रज्जाक मरफानी द्वारा भिजवाई गई थी। कुछ साल पहले भी अंसारी को काठमांडू में गिरफ्तार किया गया था। उस पर एक भारतीय राजनयिक पर हमले की साजिश रचने का आरोप था।

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सूत्रों के मुताबिक, आईएसआई ने भारत में fake currency भेजने के लिए काठमांडू में स्थित अपने दूतावास को केंद्र बनाया है। इसके अलावा भारत के इलाकों में नकली नोट भेजने के लिए नेपाल के बीरगंज को ट्रांजिट पॉइंट बनाया गया है। आईएसआई पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस से या दुबई, कुआलालंपुर, हॉन्गकॉन्ग और दोहा में अपने राजनयिकों के बैग में रखकर नकली नोटों की खेप भेजी जाती है। इन स्थानों से नकली नोटों का कंसाइनमेंट कोरियर के जरिए काठमांडू भिजवाया जाता है। नकली नोटों को भारत पहुंचाने के लिए पाकिस्तान अलग-अलग धड़ों का प्रयोग कर रहा है।

22 सितंबर को खालिस्तान समर्थक खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स के पास से 1 करोड़ रकम के नकली नोट बरामद किए थे। 25 सितंबर को ढाका से पुलिस ने 4.95 मिलियन के नकली नोट बरामद किए थे। दुबई के रहनेवाले सलमान शेरा ने यह पार्सल सिलहट बांग्लादेश में भेजा था। जांच में पता चला कि पार्सल सिलहट से श्रीनगर के उपाजिला में पहुंचाया जाना था। जांच में खुलासा हुआ कि सलमान शेरा पाकिस्तान के ISI से जुड़े कुख्यात असलम शेरा का बेटा है। असलम 90 के दशक से नकली करंसी के कारोबार में है।

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