Jammu Kashmir: आतंकियों ने बीजेपी नेता को गोलियों से भूना, घर के बाहर की हत्या

बीते कुछ समय से आतंकी लगातार नेताओं को अपना निशाना बना रहे हैं। इससे पहले 8 जून को भी आतंकियों ने लरकीपुरा इलाके के सरपंच और कांग्रेस के सदस्य अजय पंडित की हत्या कर दी थी।

Jammu and Kashmir

सांकेतिक तस्वीर।

बीते कुछ समय से आतंकी लगातार नेताओं को अपना निशाना बना रहे हैं। इससे पहले 8 जून को भी आतंकियों ने लरकीपुरा इलाके के सरपंच और कांग्रेस के सदस्य अजय पंडित की हत्या कर दी थी।

जम्मू-कश्मीर (Jammu Kashmir) के कुलगाम में आतंकियों (Terrorists) के हौसले बुलंद हैं। यहां आतंकियों ने घर के बाहर ही बीजेपी नेता और सरपंच सज्जाद अहमद खांडे की गोली मारकर हत्या कर दी।

खांडे को आनन-फानन में अस्पताल ले जाया गया लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इससे पहले 4 अगस्त को भी आतंकियों ने एक सरपंच आरिफ अहमद पर हमला किया था। आरिफ भी बीजेपी से जुड़े हुए थे। आतंकियों ने आरिफ को बिल्कुल पास से गोली मारी थी।

बीते कुछ समय से आतंकी लगातार नेताओं को अपना निशाना बना रहे हैं। इससे पहले 8 जून को भी आतंकियों ने लरकीपुरा इलाके के सरपंच और कांग्रेस के सदस्य अजय पंडित की हत्या कर दी थी।

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बता दें कि कश्मीर में सुरक्षाबलों की कार्रवाई से आतंकी बौखलाए हुए हैं। जम्मू कश्मीर (Jammu and Kashmir) में इस साल सुरक्षाबलों (Security forces) को आतंक विरोधी अभियान में बड़ी कामयाबी मिली है। सुरक्षाबलों ने बीते 7 महीने में 150 से ज्यादा आतंकियों को मार गिराया है। इस साल जुलाई के महीने तक 17 पाकिस्तानी आतंकी भी मारे गए हैं।

अच्छी खबर ये है कि जब से घाटी में आर्टिकल 370 का प्रभाव कम हुआ है, तब से आतंकी संगठनों में भर्ती होने वाले स्थानीय युवाओं की संख्या में भी कमी आई है।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक 2020 में अब तक मारे गए आतंकियों का प्रतिशत 88 फीसदी है जोकि 2019 में 79 फीसदी था। 2019 में सुरक्षाबलों ने 32 विदेशी आतंकियों को ढेर किया था। जिसमें जैश के मोहम्मद के 19 आतंकी थे।

वहीं पुलिस ने जो डाटा जारी किया है, उसमें 15 आतंकी उत्तर कश्मीर में, 10 श्रीनगर में और बाकी दक्षिण कश्मीर में मारे गए हैं।

जम्मू कश्मीर में आतंकी और अलगाववादी बौखलाए हुए हैं। अनुच्छेद-370 के हटाने के एक साल होने पर वह किसी बड़े हमले की फिराक में हैं।

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