मेरा नज़रिया

Arvind Kejriwal 2016-17 तक जिस बागी तेवर में दिखते थे, वह तेवर अब गायब हो चुका है। आंदोलनकारी की पहचान से आगे अब वो व्यवस्थावादी राजेनेता बन गए हैं।