शहीद गणेश राम: नक्सली दलदल से निकलकर खाई थी मातृभूमि की रक्षा की कसम, शादी से पहले आई शहादत की मनहूस खबर

घरवालों की तरफ से कई बार उसे फोन कर बात करने की कोशिश की गयी‚ लेकिन उससे संपर्क नहीं हो सका और फिर अचानक से मंगलवार की दोपहर परिवारवालों को सेना की तरफ से बताया गया कि गणेश राम (Ganesh Ram) ने वीरगति पायी है।

Ganesh Ram

Ganesh Ram Kunjam from Kanker in Chattisgarh

देश की सुरक्षा के लिए अपनी जान न्योछावर करने वाले जांबाजों में छत्तीसगढ़ के बस्तर (Bastar) का बेटा गणेश राम कुंजाम (Ganesh Ram) भी शामिल है। गणेश 2011 में भारतीय सेना (Indian Army) में शामिल हुआ था और महज एक महीना पहले ही उसकी तैनाती चीन सीमा पर हुई थी। उनके घरवाले शादी की तैयारी भी कर रहे थे। कोरोना (Coronavirus) की वजह से शादी की डेट फाइनल नहीं हुई थी।

भारत-चीन के बीच खूनी संघर्ष में शहीद कर्नल की मां ने कहा, इकलौता बेटे को खोने का दुख है लेकिन देश के लिए उसकी कुर्बानी पर गर्व

कांकेर के गांव कुरु टोला के निवासी गणेश राम (Ganesh Ram) की शहादत की खबर से समूचे अंचल में लोगों की आंखें नम है और उनको श्रद्धांजलि देने वालों का तांता लगा हुआ है। महज 27 साल के गणेश राम की एक महीने पहले ही भारत के लागवान घाटी में पोस्टिंग हुई थी। नक्सल प्रभावित इलाका होने के बावजूद गणेश के परिवारवालों ने उसे तमाम परेशानियां उठाकर अपने बेटे को देश सेवा में समर्पित किया था। बेहद ही गरीब परिवार का ये बेटा 12वीं की पढ़ाई पूरी करने के बाद आर्मी ज्वाइन किया था।  

जानकारी के मुताबिक सोमवार की रात भारत-चीन (India China) के सैनिकों के बीच गलवान घाटी में हुई हिंसक झड़प में गणेश राम (Ganesh Ram) बुरी तरह से घायल हो गया था‚ जिसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती किया गया था‚ जहां उसकी मौत हो गयी। शहीद जवान के चाचा तिहारू राम कुंजाम ने बताया कि एक महीने पहले गणेश से फोन पर बात हुई थी‚ तब उसने जानकारी दी थी कि उसकी पोस्टिंग चीन बोर्डर पर हो गयी है और वो वहीं जा रहा है।

घरवालों की तरफ से कई बार उसे फोन कर बात करने की कोशिश की गयी‚ लेकिन उससे संपर्क नहीं हो सका और फिर अचानक से मंगलवार की दोपहर परिवारवालों को सेना की तरफ से बताया गया कि गणेश राम (Ganesh Ram) ने वीरगति पायी है।

सेना (Indian Army) के अफसरों ने जवान के चाचा तिहारूराम कुंजाम को बताया है कि शहीद जवान का पार्थिव शरीर उनके पैतृक गांव में भेजा जा रहा है। 27 साल का गणेश (Ganesh Ram) जब पिछली दफा घर आया था‚ तभी उसकी शादी फाइनल हो गयी थी। घरवाले शादी की तैयारी भी कर रहे थे। हालांकि कोरोना की वजह से शादी की डेट फाइनल नहीं हुई थी‚ लेकिन घरवालों ने अपने तरह से शादी की तैयारी शुरू कर रखी थी।

कोरोना के बाद वो कांकेर भी आने वाला था‚ तब उसी दौरान उसकी शादी की भी तैयारी थी‚ लेकिन शादी के पहले ही मौत की मनहूस खबर आ गयी।